सियासत और मीडिया का रिश्ता हमेशा सवाल-जवाब, बहस और खबरों तक ही सीमित माना जाता है। नेता इंटरव्यू देते हैं और पत्रकार उनसे तीखे सवाल पूछते हैं। लेकिन कई बार कैमरे के सामने शुरू हुई यही बातचीत दिल की बात बन जाती है। भारत की राजनीति में ऐसे कई नेता रहे हैं, जिन्होंने इंटरव्यू देते-देते सिर्फ बयान ही नहीं दिए, बल्कि अपना दिल भी दे बैठे। जी हां, खबरों की दुनिया में हुई मुलाकातें धीरे-धीरे दोस्ती में बदलीं और फिर प्यार की कहानी बन गईं। सत्ता के गलियारों और न्यूज़ स्टूडियो के बीच पनपी ये लव स्टोरीज़ किसी फिल्मी स्क्रिप्ट से कम नहीं हैं। आज हम बात करेंगे उन नेताओं की, जिनका दिल मीडिया की दुनिया से जुड़ी पत्रकारों पर आ गया और जिनकी प्रेम कहानी ने सियासत और मीडिया के रिश्ते को एक नया रंग दे दिया।
कांग्रेस नेता शशि थरूर और सुनंदा पुष्कर की प्रेम कहानी काफी चर्चित रही। दोनों की पहली मुलाकात साल 2009 के आसपास दुबई में हुई थी। उस समय शशि थरूर भारतीय राजनीति में सक्रिय हो चुके थे, जबकि सुनंदा पुष्कर मीडिया और बिजनेस जगत से जुड़ी जानी-मानी शख्सियत थीं। बातचीत और मुलाकातों का सिलसिला धीरे-धीरे बढ़ा और दोनों के बीच अच्छी दोस्ती हो गई, जो जल्द ही प्यार में बदल गई।
आईपीएल विवाद के दौरान भी सुनंदा पुष्कर खुलकर शशि थरूर के साथ खड़ी नजर आईं, जिससे उनके रिश्ते की चर्चा और तेज हो गई। आखिरकार दोनों ने 22 अगस्त 2010 को केरल के तिरुवनंतपुरम में पारंपरिक रीति-रिवाजों से शादी कर ली। यह शादी मीडिया में काफी सुर्खियों में रही। शादी के बाद दोनों कई सार्वजनिक कार्यक्रमों में साथ दिखाई देते थे और उनकी जोड़ी काफी चर्चित मानी जाती थी। हालांकि, साल 2014 में सुनंदा पुष्कर की अचानक मृत्यु ने इस चर्चित प्रेम कहानी को दुखद मोड़ दे दिया।
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह और टीवी पत्रकार अमृता राय की प्रेम कहानी भारतीय राजनीति और मीडिया की सबसे चर्चित कहानियों में से एक रही है। दोनों की पहली मुलाकात एक टीवी इंटरव्यू और राजनीतिक कार्यक्रमों के दौरान हुई थी, जब अमृता राय एक न्यूज़ चैनल में एंकर के तौर पर काम कर रही थीं। इंटरव्यू और प्रोफेशनल बातचीत के दौरान दोनों के बीच अच्छी जान-पहचान हुई, जो समय के साथ दोस्ती और फिर रिश्ते में बदल गई।
साल 2014 में दोनों का रिश्ता तब चर्चा में आया जब उनकी निजी तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो गईं। इसके बाद दिग्विजय सिंह ने खुद सामने आकर अमृता राय के साथ अपने रिश्ते को स्वीकार किया। उस समय दोनों अपनी निजी जिंदगी में अलग-अलग परिस्थितियों से गुजर रहे थे। बाद में दोनों ने नई शुरुआत करने का फैसला लिया और 1 सितंबर 2015 को शादी कर ली। शादी के बाद यह जोड़ी कई सार्वजनिक कार्यक्रमों में साथ दिखाई दी और उनकी लव स्टोरी सियासत और मीडिया के अनोखे रिश्तों की मिसाल बन गई।
पूर्व केंद्रीय मंत्री और मशहूर पत्रकार एम.जे. अकबर की जिंदगी में प्यार भी पत्रकारिता के जरिए ही आया। राजनीति में आने से पहले एम.जे. अकबर देश के प्रसिद्ध पत्रकार और संपादक रह चुके थे। इसी दौरान उनकी मुलाकात मलिका जोसेफ से हुई, जो खुद भी पत्रकारिता से जुड़ी थीं। मीडिया जगत में साथ काम करने के कारण दोनों की अक्सर मुलाकात होती रहती थी।
काम के सिलसिले में हुई बातचीत धीरे-धीरे दोस्ती में बदली और फिर दोनों एक-दूसरे को पसंद करने लगे। समान पेशा और विचारों की समझ ने उनके रिश्ते को मजबूत बनाया। कुछ समय तक एक-दूसरे को जानने के बाद दोनों ने शादी करने का फैसला किया।
एम.जे. अकबर और मलिका जोसेफ ने 1970 के दशक की शुरुआत में विवाह किया। शादी के बाद भी दोनों अपने-अपने पेशे में सक्रिय रहे। जहां एम.जे. अकबर ने पत्रकारिता से राजनीति तक लंबा सफर तय किया, वहीं मलिका जोसेफ भी लेखन और मीडिया से जुड़ी रहीं।
बीजेपी नेता और उत्तर प्रदेश के जाने-माने राजनेता पंकज सिंह की प्रेम कहानी भी सियासत और मीडिया के खास रिश्ते को दिखाती है। पंकज सिंह की मुलाकात प्रीति सिंह से उस समय हुई जब प्रीति मीडिया क्षेत्र से जुड़ी हुई थीं और सार्वजनिक कार्यक्रमों व राजनीतिक कवरेज के दौरान नेताओं से बातचीत किया करती थीं। इसी दौरान दोनों की पहचान हुई। शुरुआत में यह रिश्ता सिर्फ औपचारिक बातचीत तक सीमित था, लेकिन समय के साथ दोनों के बीच अच्छी दोस्ती हो गई। लगातार मुलाकातों और बातचीत ने इस रिश्ते को मजबूत बनाया और दोनों एक-दूसरे को पसंद करने लगे। समान सोच और पारिवारिक मूल्यों के कारण उनका रिश्ता जल्द ही प्यार में बदल गया।
कुछ समय तक एक-दूसरे को समझने के बाद पंकज सिंह और प्रीति सिंह ने परिवार की सहमति से शादी कर ली। शादी के बाद प्रीति सिंह सार्वजनिक जीवन से थोड़ी दूर रहीं, जबकि पंकज सिंह सक्रिय राजनीति में आगे बढ़ते रहे।
कांग्रेस नेता और बीसीसीआई के वरिष्ठ पदाधिकारी राजीव शुक्ला की प्रेम कहानी भी सियासत और मीडिया के अनोखे मेल की मिसाल मानी जाती है। राजीव शुक्ला खुद भी राजनीति में आने से पहले पत्रकारिता से जुड़े रहे थे। इसी दौरान उनकी मुलाकात जानी-मानी पत्रकार और मीडिया एग्जीक्यूटिव अनुराधा प्रसाद से हुई।
मीडिया और राजनीतिक कार्यक्रमों के दौरान दोनों की मुलाकातें बढ़ती गईं। समान प्रोफेशन और विचारों के कारण दोनों के बीच अच्छी समझ विकसित हुई। धीरे-धीरे यह पेशेवर रिश्ता दोस्ती और फिर प्यार में बदल गया। दोनों ने लंबे समय तक एक-दूसरे को समझने के बाद शादी करने का फैसला लिया।
राजीव शुक्ला और अनुराधा प्रसाद ने 1990 के दशक में विवाह किया। शादी के बाद अनुराधा प्रसाद मीडिया इंडस्ट्री में सक्रिय रहीं और बाद में एक सफल मीडिया नेटवर्क की मैनेजिंग डायरेक्टर बनीं, जबकि राजीव शुक्ला ने राजनीति और क्रिकेट प्रशासन में बड़ी पहचान बनाई।
कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री एच.डी. कुमारस्वामी और राधिका कुमारस्वामी की प्रेम कहानी काफी चर्चाओं में रही है। राधिका कन्नड़ फिल्म इंडस्ट्री की जानी-मानी अभिनेत्री और मीडिया से जुड़ी पब्लिक पर्सनालिटी रही हैं। बताया जाता है कि दोनों की पहली मुलाकात साल 2000 के आसपास एक फिल्मी और सामाजिक कार्यक्रम के दौरान हुई थी। मुलाकात के बाद दोनों के बीच बातचीत शुरू हुई और धीरे-धीरे अच्छी दोस्ती हो गई।
समय के साथ यह दोस्ती खास रिश्ते में बदल गई। हालांकि उस समय कुमारस्वामी पहले से ही राजनीतिक जीवन में काफी सक्रिय थे, इसलिए उनका रिश्ता लंबे समय तक सार्वजनिक नहीं हुआ। बाद में खबरें सामने आईं कि दोनों ने साल 2006 में शादी कर ली थी।
कुछ वर्षों बाद कुमारस्वामी ने सार्वजनिक रूप से अपने रिश्ते को स्वीकार किया। आज दोनों की एक बेटी भी है और यह रिश्ता राजनीति और मीडिया/फिल्म जगत के चर्चित संबंधों में गिना जाता है। [SP/MK]