बंगाल और तमिलनाडु में रिकॉर्ड वोटिंग पर मनोज झा बोले- यह लोकतंत्र के लिए अच्छा संकेत IANS
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बंगाल और तमिलनाडु में रिकॉर्ड वोटिंग पर मनोज झा बोले- यह लोकतंत्र के लिए अच्छा संकेत

पश्चिम बंगाल में हुए पहले चरण के मतदान और तमिलनाडु विधानसभा के चुनाव में हुए मतदान ने इस बार रिकॉर्ड तोड़ दिया है। भारी वोटिंग को लेकर अब राजनीतिक प्रतिक्रियाएं भी तेज हो गई हैं।

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West Bengal & Tamil Nadu Assembly Election 2026: पश्चिम बंगाल में हुए पहले चरण के मतदान और तमिलनाडु विधानसभा के चुनाव में हुए मतदान ने इस बार रिकॉर्ड तोड़ दिया है। भारी वोटिंग को लेकर अब राजनीतिक प्रतिक्रियाएं भी तेज हो गई हैं।

राजद के राज्यसभा सदस्य मनोज झा (RJD Rajya Sabha member Manoj Jha) ने इस पर खुशी जताते हुए कहा कि दोनों राज्यों में हुआ मतदान लोकतंत्र के लिए एक अच्छा संकेत है। उन्होंने कहा, "तमिलनाडु में करीब 86 प्रतिशत और बंगाल में 92.59 प्रतिशत मतदान हुआ है, जो अपने आप में उत्साहजनक है।"

वहीं, समाजवादी पार्टी के प्रवक्ता आशुतोष वर्मा ने पश्चिम बंगाल में वोटिंग प्रतिशत को लेकर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा, "92 प्रतिशत मतदान और उसमें अचानक 30 प्रतिशत की बढ़ोतरी अपने आप में संदेह पैदा करती है।"

इधर, शिवसेना (यूबीटी) के सांसद संजय राउत ने इस भारी मतदान के पीछे अलग कारण बताए। उन्होंने कहा, "पश्चिम बंगाल में करीब 92 प्रतिशत और तमिलनाडु में करीब 84-85 प्रतिशत मतदान हुआ। इस दौरान एक तरह का राजनीतिक तूफान देखने को मिला। बंगाल में जिस तरह एसआईआर को लागू किया गया, उसी के कारण लोगों ने बड़ी संख्या में मतदान किया।"

चुनाव आयोग के आंकड़ों के मुताबिक, गुरुवार आधी रात तक पश्चिम बंगाल की 152 सीटों पर पहले चरण का मतदान 92.88 प्रतिशत तक पहुंच गया, जो राज्य के इतिहास में अब तक का सबसे ज्यादा मतदान है।

इससे पहले 2011 के विधानसभा चुनाव में सबसे ज्यादा मतदान दर्ज हुआ था, जब 34 साल पुराने वाम मोर्चा शासन का अंत हुआ और ममता बनर्जी के नेतृत्व में तृणमूल कांग्रेस सत्ता में आई थी। उस समय छह चरणों में हुए चुनाव में औसत मतदान 84.33 प्रतिशत था, जो अब तक का रिकॉर्ड था।

वहीं, तमिलनाडु में भी इस बार 84.69 प्रतिशत मतदान हुआ, जो आजादी के बाद अब तक का सबसे ज्यादा है। इससे पहले 2011 के विधानसभा चुनाव में यहां 78.29 प्रतिशत मतदान हुआ था।

इस बार के चुनाव में रिकॉर्ड तोड़ मतदान ने जहां लोकतंत्र को मजबूत होने का संकेत दिया है, वहीं इस पर राजनीतिक बहस भी तेज हो गई है।

[VT]

(यह रिपोर्ट IANS न्यूज़ एजेंसी से स्वचालित रूप से ली गई है। न्यूज़ग्राम इस कंटेंट की कोई ज़िम्मेदारी नहीं लेता।)