आखिर कौन हैं रूपाली चाकणकर? जिनकी भोंदू बाबा के चक्कर में गई कुर्सी, एक आदेश पर काट ली थी ऊँगली !

महाराष्ट्र राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष रूपाली चाकणकर और अशोक खरात (भोंदू बाबा) के पुराने संबंधों के वीडियो वायरल होने से यह विवाद शुरू हुआ।
रूपाली चाकणकर, अशोक खरात, सुनेत्रा पवार
महाराष्ट्र में भोंदू बाबा के नाम से मशहूर एक अंधविश्वासी को नासिक पुलिस ने 18 मार्च 2026 को गिरफ्तार किया था। शिवसेना यूबीटी की महिला नेता सुषमा अंधारे ने यह बात बताई है कि बाबा के अंधविश्वास और रूपाली का गहरा संबंध है। X
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महाराष्ट्र में रूपाली चाकणकर की घटना ने पूरे देश में शासन की नैतिकता पर प्रश्न खड़ा कर दिया है। रूपाली का संबंध जिस तरीके से दुष्कर्म के आरोपी एक 'स्वयंभू बाबा' अशोक खरात के साथ उजागर हुआ है, लगातार सवालों के घेरे में हैं। हालांकि रूपाली ने अपना इस्तीफा पत्र द्दे दिया है। 

कौन है रूपाली चाकणकर ?

रूपाली चाकणकर महाराष्ट्र राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष (Chairperson of the Maharashtra State Commission for Women) थीं। उनका संबंध एनसीपी से है। राजनीतिक रूप से भाजपा के सहयोगी दल के सदस्य के रूप में सक्रिय रूपाली चाकणकर अचानक सुर्खियों में तब सामने आई हैं, जब एक बलात्कारी के साथ संबंध उजागर हुए हैं। दुष्कर्म के आरोपी एक 'स्वयंभू बाबा' अशोक खरात के साथ संबंध काफी पुराना बताया जाता है। रूपाली ने साल 2019 में महाराष्ट्र विधानसभा का चुनाव एनसीपी के टिकट पर लड़ा था लेकिन सफलता हाथ नहीं लगी। बता दें कि अशोक खरात को भोंदू बाबा भी कहते हैं। 

क्या है नया विवाद का मामला ?

दरअसल, महाराष्ट्र में भोंदू बाबा (Bhondu baba) के नाम से मशहूर एक अंधविश्वासी को नासिक पुलिस ने 18 मार्च 2026 को गिरफ्तार किया था। उसके खिलाफ यह आरोप था कि एक 35 वर्षीय महिला को उसने तंत्र मंत्र का झांसा देकर उसके साथ कई बार बलात्कार किया। वह केवल एक महिला के साथ नहीं बल्कि कई महिलाओं के साथ इस तरीके के कृत्य कर चुका था। रूपाली चाकणकर इस भोंदू बाबा की चरण वंदना करते नजर आ रही हैं। यह वीडियो बहुत तेजी से वायरल हो रहा है। रूपाली इस मामले पर सियासी मैदान में बहुत बुरी तरीके से घिर चुकी हैं। रूपाली के ऊपर यह भी आरोप लगाया जाता है कि उन्होंने बाबा के कहने पर अपनी उंगली कटवा दी थी। शिवसेना यूबीटी (Shiv Sena-UBT) की महिला नेता सुषमा अंधारे ने यह बात बताई है कि बाबा के अंधविश्वास में रूपाली ने यह कार्य किया।

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रूपाली ने दिया इस्तीफा !

रूपाली ने भोंदू बाबा के साथ अपने संबंध को स्वीकार किया है। सवालों से घिर चुकी रूपाली ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। बता दें कि रूपाली चाकणकर महाराष्ट्र में महिला आयोग (Women's Commission in Maharashtra) की अध्यक्ष थीं। लेकिन जब से यह प्रकरण आया है उन्होंने अपने पद से इस्तीफा दे दिया। रूपाली चाकणकर ने 20 मार्च 2026 को मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को एक औपचारिक इस्तीफा पत्र भेज दिया। साथ ही राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी  - अजित पवार गुट) की राष्ट्रीय अध्यक्ष और राज्य की उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार को अपना इस्तीफा सौंप दिया। 

बता दें कि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने रूपाली को इस मामले पर इस्तीफा देने का आदेश अपने आवास पर बुलाकर दिया था, इसके बाद रूपाली ने अपना इस्तीफा दे दिया।

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क्या कहा रूपाली ने ?

रूपाली चाकणकर ने इस मामले पर अपना बयान मीडिया के सामने दिया। उनका कहना है कि भोंदू बाबा के साथ उनके परिवार का बहुत पुराना संबंध है। उन्होंने आगे बताया कि भोंदू बाबा और उनकी पत्नी को वह आध्यात्मिक गुरु मानती थी। लेकिन बाबा के दूसरे पहलू से वह बिल्कुल अनभिज्ञ थी अर्थात उनको बाबा के कुकर्मों के बारे में बिल्कुल जानकारी नहीं थी। वायरल हो रहे वीडियो पर उन्होंने कहा कि वह 5-6 साल पुराना वीडियो है। उन्होंने कहा है कि नैतिक जिम्मेवारी लेते हुए वह इस्तीफा दे रही हैं। इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा, बहुत सारे लोगों के साथ बाबा का फ़ोटो है लेकिन बदनाम केवल उन्हीं को किया जा रहा है। 

विपक्ष ने सरकार को जमकर घेरा !

महाराष्ट्र में भाजपा के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की सरकार अब चारों तरफ से इस मामले पर घिर चुकी है। 

कांग्रेस नेता विजय वडेट्टीवार ने इस मामले पर कहा है कि केवल रूपाली के इस्तीफे से काम नहीं चलने वाला है बल्कि इस बाबा के साथ जीतने बड़े-बड़े नेताओं के संबंध हैं सबके काल आडियो की जांच की जानी चाहिए। बड़ी मछलियों को पकड़ना होगा सिर्फ छोटी मछली को पकड़ने से न्याय नहीं होने वाला है। 

उद्धव ठाकरे ने कहा है कि इस तरीके के फर्जी बाबाओं की जांच महाराष्ट्र में की जानी चाहिए और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए। मामले पर सवाल पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि इसकी जांच आगे कराई जाएगी और सख्त कार्रवाई की मांग की जाएगी। 

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