बंगाल डीए संकट: जॉइंट मूवमेंट फोरम ने 13 मार्च को काम बंद रखने का किया ऐलान 
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बंगाल डीए संकट: जॉइंट मूवमेंट फोरम ने 13 मार्च को काम बंद रखने का किया ऐलान

IANS

कोलकाता, 4 मार्च (आईएएनएस)। पश्चिम बंगाल सरकार के अलग-अलग कर्मचारियों के संगठनों की संस्था संग्रामी जोथो मंच (जॉइंट मूवमेंट फोरम) ने उन्हें मिलने वाले महंगाई भत्ते (डीए) के मामले में राज्य सरकार की तरफ से कोई कार्रवाई न करने के विरोध में 13 मार्च को पूरी तरह काम बंद रखने का ऐलान किया था।

संयुक्त आंदोलन मंच के मुताबिक, राज्य सरकार ने पिछले महीने सर्वोच्च न्यायालय के उस आदेश का अभी तक पालन नहीं किया है, जिसमें उसे राज्य सरकार के कर्मचारियों को केंद्र सरकार के कर्मचारियों के बराबर महंगाई भत्ता (डीए) का भुगतान करने के लिए चरणबद्ध तरीके का पालन करने और 2008 से इस पर अर्जित बकाया का भुगतान करने का निर्देश दिया गया था।

इस मंच ने बुधवार को होली के शुभ त्योहार के अवसर पर 13 मार्च को पूर्णतः काम बंद करने के फैसले की घोषणा की, जिसे वे "बंद मुबारक" कह रहे हैं।

एक पदाधिकारी ने कहा, "राज्य सरकार को इस संबंध में चरणबद्ध प्रक्रिया का पालन करने का निर्देश देने के अलावा, सर्वोच्च न्यायालय ने पश्चिम बंगाल को 2008 से 2019 तक के महंगाई भत्ते के बकाया का 25 प्रतिशत 31 मार्च तक भुगतान करने का भी निर्देश दिया था, लेकिन अब तक राज्य की ओर से उस चरणबद्ध प्रक्रिया के पहले भाग का पालन करने की भी कोई पहल नहीं की गई है।"

उन्‍होंने कहा, "इस दौरान राज्य सरकार त्योहारों के आयोजन में भारी धन खर्च कर रही है, इसलिए हमने राज्य में प्रस्तावित काम बंद को 'बंद मुबारक' नाम दिया है। हम उस दिन अपने-अपने कार्यालयों में आएंगे, लेकिन किसी भी प्रकार के आधिकारिक कार्य में भाग नहीं लेंगे।"

उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें पता चला है कि राज्य सरकार इस मामले में पुनर्विचार याचिका के साथ फिर से सुप्रीम कोर्ट का रुख करेगी।

पदाधिकारी ने आगे कहा, "सुप्रीम कोर्ट ने राज्य सरकार को 6 मार्च को पहली किस्त पर फैसला लेने का आदेश दिया था, इसलिए हमने 6 मार्च तक इंतजार करने के बाद 13 मार्च को विरोध प्रदर्शन कार्यक्रम की घोषणा की है। हम अपने न्यायसंगत अधिकारों को प्राप्त करने के लिए हर संभव प्रयास करने को तैयार हैं।

उन्होंने यह भी कहा कि इन विरोध आंदोलनों के अलावा, मंच ने इस मामले में राज्य सरकार के खिलाफ अपने कानूनी विकल्प भी तैयार रखे हैं। अब देखना यह होगा कि राज्य सरकार के कर्मचारियों द्वारा प्रस्तावित काम बंद के आह्वान पर राज्य सरकार कैसे प्रतिक्रिया देगी।

--आईएएनएस

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