भारत में गर्मी (Summer in India) हर साल नए रिकॉर्ड तोड़ रही है। अप्रैल से जून के बीच कई शहर ऐसे होते हैं, जहां तापमान 45 से 50 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच जाता है। तेज धूप, गर्म हवाएं और तपती सड़कों के बीच इन शहरों में रहना किसी चुनौती से कम नहीं होता। खासकर उत्तर और मध्य भारत के कुछ इलाके ऐसे हैं, जहां गर्मी लोगों की दिनचर्या तक बदल देती है। दिन में सड़कें सूनी हो जाती हैं, लोग घरों में कैद रहने को मजबूर हो जाते हैं और कूलर-एसी भी कई बार बेअसर नजर आते हैं। राजस्थान से लेकर उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र तक कई शहर अपनी भीषण गर्मी के लिए पूरे देश में मशहूर हैं। इन जगहों पर सिर्फ इंसान ही नहीं, बल्कि जानवर और पेड़-पौधे भी गर्मी की मार झेलते हैं। मौसम विभाग भी समय-समय पर हीटवेव का अलर्ट जारी करता रहता है। ऐसे में आज हम आपको भारत के उन 10 सबसे गर्म शहरों के बारे में बताने जा रहे हैं, जहां गर्मी अपने सबसे खतरनाक रूप में देखने को मिलती है और तापमान लोगों के पसीने छुड़ा देता है।
राजस्थान का फालोदी (Phalodi of Rajasthan) भारत के सबसे गर्म शहरों में गिना जाता है। यहां कई बार तापमान 50 डिग्री सेल्सियस के करीब पहुंच चुका है। रेगिस्तानी इलाका होने की वजह से यहां दिन में तेज धूप और लू चलती है। गर्मियों में दोपहर के समय बाहर निकलना बेहद मुश्किल हो जाता है।
चुरू को “भारत का सबसे गर्म शहर” भी कहा जाता है (Churu is also known as the “hottest city in India”)। यहां की गर्म हवाएं और सूखा मौसम लोगों को परेशान कर देता है। कई बार यहां तापमान 48-50 डिग्री तक दर्ज किया गया है। रात में भी गर्मी से ज्यादा राहत नहीं मिलती।
राजस्थान (Rajasthan) का यह शहर खेती के लिए मशहूर है, लेकिन गर्मियों में यहां की तपिश लोगों का हाल बेहाल कर देती है। मई और जून में यहां तेज लू चलती है और तापमान लगातार 45 डिग्री से ऊपर बना रहता है।
उत्तर प्रदेश का झांसी (Jhansi Of Uttar Pradesh) भी भीषण गर्मी के लिए जाना जाता है। यहां गर्मियों में सड़कें तपने लगती हैं और दोपहर में बाहर निकलना मुश्किल हो जाता है। हीटवेव के दौरान यहां का तापमान 47 डिग्री तक पहुंच जाता है।
“ऑरेंज सिटी” (Orange City) के नाम से मशहूर नागपुर गर्मियों में बेहद गर्म हो जाता है। यहां की सूखी गर्मी और तेज धूप लोगों को परेशान करती है। मई-जून में तापमान अक्सर 46 डिग्री तक पहुंच जाता है।
देश की राजधानी दिल्ली (Delhi) भी हर साल रिकॉर्ड तोड़ गर्मी झेलती है। यहां गर्मियों में उमस और लू दोनों का असर देखने को मिलता है। कंक्रीट और ट्रैफिक की वजह से गर्मी और ज्यादा महसूस होती है।
प्रयागराज (Prayagraj) में गर्मियों के दौरान तेज धूप और गर्म हवाएं आम बात हैं। यहां मई-जून में तापमान 45 डिग्री के पार चला जाता है। संगम नगरी होने के बावजूद गर्मी के मौसम में यहां लोगों को काफी परेशानी होती है।
मध्य प्रदेश का ग्वालियर (Gwalior of Madhya Pradesh) भी भीषण गर्मी के लिए जाना जाता है। यहां की गर्म हवाएं और तेज धूप लोगों को दिनभर परेशान करती हैं। कई बार यहां तापमान 47 डिग्री तक दर्ज किया गया है।
बुंदेलखंड क्षेत्र का बांदा (Banda in the Bundelkhand region) गर्मियों में आग की तरह तपता है। पानी की कमी और सूखे मौसम की वजह से यहां गर्मी और ज्यादा महसूस होती है। यहां अक्सर हीटवेव की स्थिति बन जाती है।
गुजरात का अहमदाबाद (Ahmedabad of Gujarat) भी देश के सबसे गर्म शहरों में शामिल है। यहां गर्मियों में तेज धूप और गर्म हवा लोगों की मुश्किलें बढ़ा देती है। शहर में बढ़ती आबादी और ट्रैफिक की वजह से तापमान और ज्यादा महसूस होता है।
दोपहर 12 बजे से 4 बजे तक धूप में बाहर निकलने से बचें।
ज्यादा से ज्यादा पानी पिएं ताकि शरीर में पानी की कमी न हो।
हल्के रंग और सूती कपड़े पहनें।
बाहर निकलते समय छाता, टोपी या गमछे का इस्तेमाल करें।
ज्यादा तला-भुना और मसालेदार खाना खाने से बचें।
नींबू पानी, छाछ, नारियल पानी और फलों का सेवन करें।
बच्चों और बुजुर्गों को तेज धूप से खास तौर पर बचाकर रखें।
अगर चक्कर, कमजोरी या ज्यादा पसीना महसूस हो तो तुरंत छांव में आराम करें और डॉक्टर से संपर्क करें। [SP]