निर्मला सीतारमण के बजट बाद क्या सस्ता-क्या महंगा?  AI Generated
Union Budget 2026

बजट 2026: निर्मला सीतारमण ने पेश किया बजट, अब जानें क्या सस्ता और क्या महंगा हुआ?

1 फरवरी 2026 को वित्त वर्ष 2026-27 का आम बजट पेश किया गया। ये बजट वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) ने पेश किया। वित्तमंत्री ने करीब डेढ़ घंटे भाषण दिया।

Author : Mayank Kumar
Reviewed By : Ritik Singh

  • ऐतिहासिक बजट और महिला सशक्तिकरण पर जोर

  • आम आदमी की जेब पर असर, कुछ महंगा, कुछ सस्ता

  • उद्योग, स्वास्थ्य और स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा

1 फरवरी 2026 को वित्त वर्ष 2026-27 का आम बजट पेश किया गया। ये बजट वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) ने पेश किया। वित्तमंत्री ने करीब डेढ़ घंटे भाषण दिया। इस भाषण के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) की तारीफ की कहा कि आज का बजट ऐतिहासिक है, क्योंकि यह नारी शक्ति-महिला सशक्तिकरण के प्रति भारत की प्रतिबद्धता को उजागर करता है।

एक महिला वित्त मंत्री के रूप में निर्मला जी ने लगातार नौवीं बार केंद्रीय बजट पेश करके एक नया रिकॉर्ड बनाया है। बता दें कि वित्तमंत्री ने एक नया रिकॉर्ड भी कायम किया। उन्होंने बतौर वित्तमंत्री लगातार अपना 9वां बजट पेश किया। हालांकि, इस बजट से आम जनता को काफी उम्मीदें होती हैं। ऐसे में आइये जानते हैं कि उनके लिए निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) क्या सौगात लेकर आई हैं?

आपकी जेब पर क्या होगा असर?

एक आम आदमी को बजट से यह उम्मीद होती है कि उसकी जेब पर क्या असर पड़ेगा? निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) ने इस बजट के द्वारा आम आदमी को राहत देने का काम किया है। इसके लिए सीमा शुल्क (Customs Duty) में कई महत्वपूर्ण बदलाव किए हैं। इससे आपकी जेब पर कितना असर पड़ेगा आइये जानते हैं और इससे यह समझते हैं कि क्या-क्या सस्ता हुआ है और क्या कुछ महंगा हो गया है?

ये सामान महंगे होंगे

वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) के भाषण के बाद उन सामानों की लिस्ट अब आ गई है, जो अब महंगी हो जाएंगी।

  1. विदेशी शराब: आयात की जाने वाली शराब पर लगने वाला शुल्क बढ़ा दिया गया है। इसलिए शराब प्रेमियों के लिए एक थोड़ी सी बुरी खबर है।

  2. सोना और चांदी: कीमती धातुओं पर आयात शुल्क में बदलाव से घरेलू बाजार में उनकी कीमतें बढ़ने की संभावना है।

  3. तंबाकू उत्पाद और सिगरेट: बजट में सिगरेट और पान मसाला पर नई एक्साइज ड्यूटी और ‘सिन टैक्स’ लगाने का प्रस्ताव किया गया है, जिससे इन उत्पादों की कीमतें बढ़ गई हैं।

  4. शेयर बाजार में निवेश: फ्यूचर्स और ऑप्शंस (F&O) पर सिक्योरिटी ट्रांजैक्शन टैक्स (STT) में बड़ी बढ़ोतरी होगी और इस वजह से शेयर बाजार की ट्रेडिंग अब और महंगी हो जाएगी।

  5. आयातित लग्जरी वस्तुएं: वहीं, कपड़े, लग्जरी घड़ियाँ, जूते और विदेशी परफ्यूम पर आयात शुल्क बढ़ जाएंगे, जिससे ये सभी सामान महंगे हो जाएंगे। मतलब जो सामान विदेश से आएँगे वो महंगे होंगे।

ये सामान सस्ते होंगे

वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) के भाषण के बाद उन सामानों की लिस्ट पर भी नज़र डालते हैं, जो अब सस्ती हो जाएंगी।

  1. मोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक्स: मोबाइल प्रेमियों के लिए खुशखबरी है। भारत में बनने वाले स्मार्टफोन और टैबलेट सस्ते होंगे क्योंकि सरकार ने कैमरा मॉड्यूल और डिस्प्ले पैनल जैसे कंपोनेंट्स पर शुल्क घटाने का ऐलान किया है। साथ ही माइक्रोवेव ओवन पर भी छूट का ऐलान हुआ है।

  2. दवाइयां: कैंसर के इलाज में इस्तेमाल होने वाली 17 दवाइयां सस्ती होंगी। इसके साथ ही 7 ऐसी दवाओं से सीमा शुल्क हटा दी गई है, जो दुर्लभ बीमारियों के अंदर आता है। वहीं, रोजमर्रा के जीवन में इस्तेमाल होनी वाली दवाओं पर शुल्क 20% से घटाकर 10% कर दिया गया है। इसके साथ ही शुगर की दवाएं भी सस्ती होंगी।

  3. जूते और कपड़े : अगर आप जूते और कपड़ों के शौक़ीन हैं, तो आपके लिए अच्छी खबर है। सरकार ने चमड़े के जूते और कपड़ों के निर्यात को बढ़ावा देने का ऐलान किया है। भारत में बने जूते-कपड़े सस्ते दामों पर आपको मिलेंगे।

  4. इलेक्ट्रिक वाहन (EV): भारत में EV को बढ़ावा भारत सरकार काफी समय से देना चाहती है। इसके लिए भारत सरकार ने ईवी बैटरी और लिथियम-आयन बैटरी निर्माण में उपयोग होने वाले कच्चे माल (जैसे लिथियम, कोबाल्ट) पर सीमा शुल्क कम करने का ऐलान किया है।

  5. खेल के सामान पर असर: वित्तमंत्री ने बताया कि ‘खेलो इंडिया’ मिशन के तहत खेल उपकरणों को अधिक किफायती बनाया गया है। इसके तहत अब खेल के सामन सस्ते होंगे।

  6. सोलर और सीएनजी: स्वच्छ ऊर्जा को बढावा देने के लिए भारत सरकार ने सोलर सिस्टम पर लगने वाले टैक्स को कम करने का ऐलान किया है। इससे CNG सस्ती हो जाएगी।

  7. विमान यात्रा: भारत सरकार ने उन कच्चे माल पर सीमा शुल्क में छूट दी है, जो नागरिक विमानों के पुर्जों और रखरखाव (MRO) में इस्तेमाल होते हैं। इससे लंबी अवधि में विमानन क्षेत्र की लागत कम होने का अनुमान है।

तो ये थी उन चीजों की लिस्ट जो बजट के बाद सस्ती और महंगी हो सकती हैं।