करप्शन के आरोपों में घिरे पंजाब आम आदमी पार्टी के 5 नेता, देखिए पूरी लिस्ट

'कट्टर ईमानदारी' ('Radical honesty') और भ्रष्टाचार-मुक्त शासन (Corruption-free Governance) के वादे पर सत्ता में आई आम आदमी पार्टी (AAP) पंजाब में लगातार अपने ही नेताओं और मंत्रियों पर लग रहे भ्रष्टाचार के आरोपों से घिरी हुई है।
पंजाब 'आप' के उन 5 प्रमुख नेताओं की पूरी राजनीतिक पृष्ठभूमि, उनके पूर्व दल, वर्तमान पद और उन पर लगे भ्रष्टाचार के आरोप की कहानी।
पंजाब 'आप' के उन 5 प्रमुख नेताओं की पूरी राजनीतिक पृष्ठभूमि, उनके पूर्व दल, वर्तमान पद और उन पर लगे भ्रष्टाचार के आरोप की कहानी। Ai
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'कट्टर ईमानदारी' ('Radical honesty') और भ्रष्टाचार-मुक्त शासन (Corruption-free Governance) के वादे पर सत्ता में आई आम आदमी पार्टी (AAP) पंजाब में लगातार अपने ही नेताओं और मंत्रियों पर लग रहे भ्रष्टाचार के आरोपों से घिरी हुई है। एक तरफ जहां पार्टी इसे केंद्रीय एजेंसियों का दुरुपयोग बताती है, वहीं दूसरी तरफ विजिलेंस ब्यूरो और ईडी (ED) की गिरफ्तारियां व छापेमारी पार्टी की 'जीरो टॉलरेंस' ('Zero Tolerance') नीति पर गंभीर सवाल खड़े करती हैं।

आइए जानते हैं पंजाब 'आप' के उन 5 प्रमुख नेताओं की पूरी राजनीतिक पृष्ठभूमि, उनके पूर्व दल, वर्तमान पद और उन पर लगे भ्रष्टाचार के आरोप की कहानी।

संजीव अरोड़ा: उद्योगपति से राज्यसभा सांसद

संजीव अरोड़ा
संजीव अरोड़ाx

लुधियाना के जाने-माने उद्योगपति, टेक्सटाइल व रियल एस्टेट कारोबारी संजीव अरोड़ा (Sanjeev Arora) राजनीति में आने से पहले किसी पारंपरिक राजनीतिक दल के सक्रिय सदस्य नहीं थे। वर्ष 2022 में आम आदमी पार्टी ने उनकी व्यावसायिक और सामाजिक पृष्ठभूमि को देखते हुए उन्हें पंजाब से राज्यसभा सांसद बनाकर संसद भेजा। बाद में भगवंत मान सरकार के प्रशासनिक व कैबिनेट ढांचे में भी उनका कद लगातार मजबूत हुआ।

हालांकि, अक्टूबर 2024 में वे उस समय विवादों में आ गए जब प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने उनके लुधियाना स्थित आवास और व्यावसायिक ठिकानों पर ताबड़तोड़ छापेमारी की। संजीव अरोड़ा पर आरोप है कि उन्होंने लुधियाना में स्थित 20 एकड़ के बहुमूल्य औद्योगिक प्लॉट (Industrial Plot) को व्यावसायिक और निजी इस्तेमाल के लिए नियमों को दरकिनार कर गलत तरीके से हस्तांतरित कराया। इस सौदे में भारी टैक्स चोरी, फर्जी कागजातों और मनी लॉन्ड्रिंग के पुख्ता सबूत मिलने का दावा करते हुए जांच एजेंसियों ने अपनी कार्रवाई तेज की।

रमन अरोड़ा : जालंधर के व्यवसायी से विधायक बनने के बाद लगा 'रंगदारी' का आरोप

रमन अरोड़ा
रमन अरोड़ा x

जालंधर के स्थानीय कारोबारी रमन अरोड़ा (Raman Arora) आम आदमी पार्टी (AAP) के गठन के समय से ही स्थानीय स्तर पर पार्टी के समर्पित कार्यकर्ता रहे हैं। वर्ष 2022 के पंजाब विधानसभा चुनाव में पार्टी ने उन पर भरोसा जताया और वे जालंधर सेंट्रल विधानसभा सीट (Jalandhar Central Assembly seat) से जीतकर पहली बार विधायक बने। विधायक बनने के कुछ ही समय बाद 2023-2024 के दौरान उनका नाम जालंधर नगर निगम से जुड़े भ्रष्टाचार और 'रंगदारी' (Extortion) के मामलों में उछला। उन पर आरोप लगा कि उन्होंने नगर निगम के तत्कालीन सहायक नगर योजनाकार (ATP) और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ मिलकर शहर के अवैध निर्माणों को संरक्षण दिया। इसके अलावा, नक्शे पास कराने और सीलिंग का डर दिखाकर स्थानीय दुकानदारों व बिल्डरों से कथित रूप से लाखों रुपये की अवैध वसूली की गई। पंजाब विजिलेंस ब्यूरो की शुरुआती जांच और कॉल डिटेल्स के आधार पर 2024 में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने रमन अरोड़ा व उनके करीबियों के परिसरों पर छापेमारी कर जांच को आगे बढ़ाया।

अमित रतन कोटफत्ता : अकाली दल से 'आप' में एंट्री और 4 लाख रुपये की रिश्वत में गिरफ्तारी

अमित रतन कोटफत्ता
अमित रतन कोटफत्ता x

अमित रतन कोटफत्ता (Amit Ratan Kotfatta) पंजाब की राजनीति का जाना-माना चेहरा हैं। उन्होंने अपने राजनीतिक सफर की शुरुआत शिरोमणि अकाली दल (SAD) से की थी और वर्ष 2012 में अकाली दल के टिकट पर सरदुलगढ़ से विधायक चुने गए थे। वर्ष 2020 में अकाली दल से अलग होने के बाद, 2022 के विधानसभा चुनावों से ठीक पहले वे आम आदमी पार्टी में शामिल हुए और बठिंडा ग्रामीण (सुरक्षित) सीट से विधानसभा पहुंचे।

विधायक रहते हुए फरवरी 2023 में उन पर भ्रष्टाचार का सबसे बड़ा दाग लगा। बठिंडा जिले के घुड्डा गांव की महिला सरपंच के पति ने शिकायत दर्ज कराई कि गांव के विकास कार्यों के लिए स्वीकृत 25 लाख रुपये की पंचायती ग्रांट रिलीज करने के एवज में विधायक अमित रतन और उनके पीए (रेशम सिंह) ने 4 से 5 लाख रुपये की रिश्वत मांगी थी। 16 फरवरी 2023 को पंजाब विजिलेंस ब्यूरो ने बठिंडा सर्किट हाउस में विधायक के पीए को 4 लाख रुपये नकद रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया। इसके बाद वॉयस सैंपल मैच होने और गहन पूछताछ के आधार पर 23 फरवरी 2023 को विजिलेंस ने विधायक अमित रतन कोटफत्ता को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।

जसवंत सिंह गज्जनमाजरा : 40 करोड़ के बैंक फ्रॉड केस में जनसभा के बीच से हुई गिरफ्तारी

जसवंत सिंह गज्जनमाजरा
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अमरगढ़ क्षेत्र के बड़े कारोबारी और 'तारा कॉर्पोरेशन' व कैटल फीड मिल्स के मालिक जसवंत सिंह गज्जनमाजरा ने 2022 के पंजाब विधानसभा चुनाव से ठीक पहले आम आदमी पार्टी का दामन थामा था। वे अमरगढ़ सीट से चुनाव लड़कर पहली बार विधायक बनकर विधानसभा पहुंचे थे। गज्जनमाजरा पर विधायक बनने के बाद 40.92 करोड़ रुपये के बैंक लोन फ्रॉड और मनी लॉन्ड्रिंग के गंभीर मामले सामने आए। जांच एजेंसियों के अनुसार, उनकी कंपनियों ने 'बैंक ऑफ इंडिया' से जिस काम के लिए लोन लिया था, उस पैसे को वहां न लगाकर 33 से अधिक फर्जी (शेल) कंपनियों के खातों में डायवर्ट कर दिया। सीबीआई (CBI) द्वारा दर्ज प्राथमिकी के आधार पर प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने मामले की जांच संभाली। 6 नवंबर 2023 को जब गज्जनमाजरा अपने निर्वाचन क्षेत्र में एक सार्वजनिक रैली को संबोधित कर रहे थे, तभी ईडी की टीम ने उन्हें जनसभा के बीच से कस्टडी में लेकर गिरफ्तार कर लिया।

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लालजीत सिंह भुल्लर : कांग्रेस-अकाली दल के पूर्व नेता पर परिवहन विभाग में धांधली का आरोप

लालजीत सिंह भुल्लर
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तरनतारन जिले के पट्टी क्षेत्र से आने वाले लालजीत सिंह भुल्लर पूर्व में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस और शिरोमणि अकाली दल के स्थानीय संगठनों में सक्रिय रहे हैं। वर्ष 2021 में वे आम आदमी पार्टी में शामिल हुए और 2022 के ऐतिहासिक चुनाव में उन्होंने अकाली दल के कद्दावर नेता आदेश प्रताप सिंह कैरों को हराकर सबको चौंका दिया। इस शानदार जीत का इनाम देते हुए मुख्यमंत्री भगवंत मान ने उन्हें अपनी पहली कैबिनेट में परिवहन और जेल मंत्री जैसा महत्वपूर्ण पद सौंपा। परिवहन मंत्री के पद पर रहते हुए 2022-2023 के दौरान उन पर विभागीय भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगे। विपक्षी दलों (कांग्रेस और अकाली दल) का आरोप था कि भुल्लर ने प्राइवेट बस ऑपरेटरों को नियमों को दरकिनार कर पसंदीदा व मुनाफे वाले रूट परमिट आवंटित किए। इसके साथ ही, क्षेत्रीय परिवहन अधिकारियों (RTO) के तबादले-पोस्टिंग और विभागीय टेंडरों में बड़े पैमाने पर लेन-देन के आरोप लगाते हुए सबूत विजिलेंस को सौंपे गए थे। हालांकि, लालजीत सिंह भुल्लर इन सभी आरोपों को राजनीतिक द्वेष से प्रेरित बताते रहे हैं। [SP]

पंजाब 'आप' के उन 5 प्रमुख नेताओं की पूरी राजनीतिक पृष्ठभूमि, उनके पूर्व दल, वर्तमान पद और उन पर लगे भ्रष्टाचार के आरोप की कहानी।
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