भारतीय राजनीति में नया तूफान ! जॉर्ज सोरोस का हरदीप सिंह पुरी के परिवार से क्या है संबंध, यहाँ जानिए पूरा मामला

जॉर्ज सोरोस और केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी की बेटी हिमायनी पुरी के बीच कथित वित्तीय संबंधों ने भारतीय राजनीति में तूफान ला दिया है। आरोप है कि हिमायनी के हेज फंड को सोरोस से 1,600 करोड़ रुपये का निवेश मिला। विपक्ष इसे राष्ट्रीय सुरक्षा से जोड़कर सरकार को घेर रहा है, जबकि मामला फिलहाल कानूनी और वैचारिक युद्ध में तब्दील हो चुका है।
हरदीप सिंह पुरी और जॉर्ज सोरोस
बड़ा खुलासा हुआ है कि भाजपा मंत्री हरदीप सिंह पुरी की बेटी का संबंध जॉर्ज सोरोस से है। हिमायनी पुरी (Himayani Puri) ने 2014-17 तक जॉर्ज सोरोस की कंपनी में काम भी किया था। उनके ऊपर आरोप है कि उन्होंने ऐसे शख्स के साथ काम क्यों किया जो भारत में बड़े षड्यन्त्र को अंजाम देना चाहता है। जॉर्ज सोरोस पर कई बार यह आरोप लग चुके हैं कि वह भारत में राजनीतिक अस्थिरता को जन्म देना चाहते हैं। X
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जार्ज सोरोस के मुद्दे से भारत में सियासी पारा सातवें आसमान पर है। कुछ समय पहले बीजेपी की तरफ से काँग्रेस के ऊपर आरोप लगाया जा रहा था कि काँग्रेस पार्टी का संबंध जॉर्ज सोरोस से है। लेकिन भाजपा स्वयं इस मामले पर घिरते जा रही है। बड़ा खुलासा हुआ है कि भाजपा मंत्री हरदीप सिंह पुरी की बेटी का संबंध जॉर्ज सोरोस से है। राहुल गांधी ने भी कुछ समय पहले जॉर्ज सोरोस को घेरने के लिए सदन में इस मुद्दे को उठाना चाहा था लेकिन उनको सफलता हासिल नहीं हुई।

क्या है पूरा मामला ?

दरअसल, जॉर्ज सोरोस को लेकर पूरे देश की राजनीति में हलचल मचा हुआ है। राहुल गांधी ने बजट सत्र-2026 के समय लोकसभा में जॉर्ज सोरोस और हरदीप सिंह पुरी के बीच संबंध को उजागर करना चाहा था लेकिन लोकसभा स्पीकर ने इस मामले पर अनुमति नहीं दी। अब फिर से जॉर्ज सोरोस का मामला सामने निकलकर आ रहा है। हरदीप सिंह पुरी की बेटी हिमायनी पुरी (Himayani Puri) ने अपनी कंपनी को चलाने के लिए  जॉर्ज सोरोस के अलग-अलग संस्थाओं से पैसे का निवेश किया गया था।

जानकारी के मुताबिक, हिमायनी पुरी (Himayani Puri) ने 2014-17 तक जॉर्ज सोरोस की कंपनी में काम भी किया था। उनके ऊपर आरोप है कि उन्होंने ऐसे शख्स के साथ काम क्यों किया जो भारत में बड़े षड्यन्त्र को अंजाम देना चाहता है। जॉर्ज सोरोस पर कई बार यह आरोप लग चुके हैं कि वह भारत में राजनीतिक अस्थिरता को जन्म देना चाहते हैं। विपक्ष ने यह सवाल उठाया है कि जब देश अंतर्राष्ट्रीय मंचों पर उलझा हुआ हो तो ऐसे समय में उस शख्स के साथ काम करना जो भारत के लिए एक राजनीतिक परेशानी बना हुआ है, देश की सुरक्षा और संप्रभुता पर सवालिया निशान खड़ा करता है। 

हरदीप सिंह पुरी ने यह कबूल किया है कि उनकी मुलाकात जॉर्ज सोरोस से एक बार हुई थी। यह मुलाकात 2009 के आसपास एक रात्रिभोज के समय हुई थी। वहीं उनकी बेटी को लेकर जो खुलासा हुआ है वह काफी हैरान कर देने वाली बात है। हिमायनी पुरी द्वारा सह-स्थापित हेज फंड को सोरोस की कंपनी ने 200 मिलियन डॉलर अर्थात लगभग 1,600 करोड़ रुपये का पोर्टफोलियो संभालने के लिए चुना था।

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कौन है जॉर्ज सोरोस और क्या हैं उनके ऊपर आरोप ?

जॉर्ज सोरोस 1930 में हंगरी के एक यहूदी परिवार में जन्मे थे। उनका शुरुआती जीवन बड़ा ही कठिनाई से भरा था क्योंकि ये वही समय था जब उनके जन्म के कुछ ही समय बाद 1936 में द्वितीय विश्वयुद्ध शुरू हुआ था। इस भयावह युद्ध ने उनके जीवन पर इतना गहरा असर डाला कि जॉर्ज सोरोस 1947 में हंगरी छोड़कर लंदन चले गए। इसके बाद लंदन स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स से अपनी पढ़ाई पूरी की।

यहीं पर जॉर्ज सोरोस उदारवादी विचारक कार्ल पॉपर से मिले और उनकी रचना The Open Society and Its Enemies से प्रभावित होकर Open Society Foundations नामक कंपनी खोल दी। इसके बाद जॉर्ज सोरोस की असली कहानी यहीं से शुरू हुई। जॉर्ज सोरोस पर यह आरोप है कि वो भारत में अलग-अलग तरीके से पैसा निवेश करते हैं और सरकार के खिलाफ माहौल बनाने में उनके फंडिंग का इस्तेमाल होता है।

साल 2025-26 के दौरान प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने छापेमारी के तहत यह खुलासा किया कि जॉर्ज सोरोस की संस्थाओं ने भारत में विदेशी प्रत्यक्ष निवेश (FDI) और कंसल्टेंसी फीस के बहाने बड़े मात्रा में पैसा भारत भेजा और सरकार के खिलाफ माहौल बनाने के लिए बहुत सारे एनजीओ के माध्यम से इस फंडिंग का इस्तेमाल किया जाता रहा है।

भारतीय लिबरल पार्टी के पूर्व अध्यक्ष डॉ मुनीश रायजादा ने भी मोदी सरकार को इस पर घेरा है। उन्होंने कहा कि सत्ता के लिए सोरोस 'भारत का शत्रु' है, और मंत्री की बेटी के बिजनेस के लिए '1,600 करोड़ का पार्टनर !' ये कैसा दोहरा चरित्र है ? उन्होंने सरकार को घेरते हुए हरदीप सिंह पुरी के ऊपर भी कटाक्ष किया है। ऐसे आचरण के दोषियों को मंत्रालय में रखना सरकार की मंशा पर सवाल खड़ा करता है। मोदी सरकार को इस मामले पर सामने आकार जवाब देना चाहिए।

इतने सारे आरोपों में संलिप्त जॉर्ज सोरोस की कंपनी के साथ बीजेपी के मंत्री हरदीप सिंह पुरी की बेटी हिमायनी पुरी (Himayani Puri) के संबंधों का खुलासा हुआ है। अब यह मामला इतना गहराता हुआ दिखाई दे रहा है कि सरकार इस पर कुछ बोलने को तैयार नहीं है। विपक्ष ने इस मामले पर सरकार को घेरने की कोशिश की है।

वहीं हरदीप सिंह पुरी एपस्टिन फाइल मामले में पहले से घिर चुके हैं। हरदीप सिंह पुरी एपस्टिन से मुलाकात की बात भी कबूल कर चुके हैं। मोदी के मंत्रालय में हरदीप सिंह पुरी एक विवादित शख्स बन गए हैं। हाल ही में महिला आरक्षण बिल पर नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल ने हरदीप सिंह पुरी को ‘रेपिस्टों की श्रेणी में शामिल’ जैसे शब्दों से संबोधित करते हुए जमकर हंगामा किया था।   

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