मेनोपॉज के दौरान क्यों बढ़ जाती हैं दांतों की समस्याएं? जानिए कारण और आसान उपाय

जैसे-जैसे उम्र बढ़ती है, स्वास्थ्य संबंधी समस्या शुरू होने लगती है। 40 से 50 साल की उम्र के बाद महिलाओं में दांतों और मसूड़ों से जुड़ी समस्याएं देखने को मिलती हैं। इसका मुख्य कारण शरीर में एस्ट्रोजन नाम के हार्मोन का कम होना है।
मेनोपॉज के दौरान क्यों बढ़ जाती हैं दांतों की समस्याएं?
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जैसे-जैसे उम्र बढ़ती है, स्वास्थ्य संबंधी समस्या शुरू होने लगती है। 40 से 50 साल की उम्र के बाद महिलाओं में दांतों और मसूड़ों से जुड़ी समस्याएं देखने को मिलती हैं। इसका मुख्य कारण शरीर में एस्ट्रोजन नाम के हार्मोन का कम होना है। यही वजह है कि इस समय महिलाओं को अपनी ओरल हेल्थ यानी दांतों की देखभाल पर खास ध्यान देने की जरूरत होती है। महिलाओं के शरीर में हार्मोनल बदलाव हर चरण में होते हैं, चाहे वह पीरियड्स हो, गर्भावस्था हो या फिर डिलीवरी के बाद का समय। लेकिन मेनोपॉज के दौरान होने वाले बदलाव लंबे समय तक असर डालते हैं।

इस समय शरीर में एस्ट्रोजन का स्तर कम हो जाता है, जिससे कई शारीरिक बदलाव होते हैं। इसका असर मुंह के अंदर भी देखने को मिलता है, जहां दांत और मसूड़े कमजोर होने लगते हैं। सबसे पहले असर लार यानी सलाइवा पर पड़ता है। वैज्ञानिकों के अनुसार, एस्ट्रोजन हार्मोन लार बनाने वाली ग्रंथियों को स्वस्थ रखने में मदद करता है। जब इसकी मात्रा कम हो जाती है, तो मुंह में सूखापन बढ़ जाता है। लार हमारे मुंह की प्राकृतिक सुरक्षा होती है, जो बैक्टीरिया से लड़ती है और दांतों को सड़ने से बचाती है। जब लार कम बनती है, तो दांतों में कीड़े लगने, सेंसिटिविटी और बदबू जैसी समस्याएं बढ़ जाती हैं।

इसके अलावा, इस समय शरीर में कैल्शियम की कमी भी होने लगती है, जिससे हड्डियां कमजोर हो जाती हैं। यही कमजोरी जबड़े की हड्डी को भी प्रभावित करती है। जब जबड़ा कमजोर होता है, तो दांतों की पकड़ ढीली होने लगती है और कई बार दांतों के टूटने का खतरा बना रहता है। ऐसे में मेनोपॉज के बाद महिलाओं को अपनी हड्डियों के साथ-साथ दांतों की मजबूती पर भी ध्यान देना चाहिए। अगर कुछ चीजों का ध्यान रखा जाए, तो इन समस्याओं को काफी हद तक रोका जा सकता है। इस दौरान खानपान पर विशेष ध्यान देना चाहिए। विटामिन डी और कैल्शियम से भरपूर चीजें खानी चाहिए, जैसे दूध, दही, हरी सब्जियां और फल आदि, ये सभी दांतों और हड्डियों को मजबूत बनाते हैं। साथ ही, ज्यादा मसालेदार और एसिड बनाने वाले खाने से बचना चाहिए, क्योंकि यह मुंह की परेशानी को बढ़ा सकते हैं। [SP]

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